img


          देव संस्कृति विश्वविद्यालय के दीक्षांत समारोह स्थल का भूमिपूजन हुआ
| राष्ट्रपति महोदय की मुख्य उपस्थिति में 9 दिसम्बर को होगा दीक्षांत समारोह|  आचार्य जी के सतयुगी संकल्पों को साकार करेंगे-डॉ. प्रणव पंड्या
विजया दशमी के पावन अवसर पर देव संस्कृति विश्वविद्यालय के तृतीय दीक्षांत समारोह के कार्यक्रम स्थल का भूमिपूजन कुल संरक्षिका श्रद्धेया शैल जीजी एवं कुलाधिपति श्रद्धेय डॉ. प्रणव पंड्या जी के कर-कमलों से सम्पन्न हुआ। इस अवसर पर डॉ. प्रणव जी ने कहा कि देव संस्कृति विश्वविद्यालय अपनी आदर्श शिक्षण परंपरा से चरित्रवान, देशभक्त युवा पीढ़ी देश को समर्पित करने के लिए संकल्पित है। उसकी विशिष्ट शिक्षण शैली ने भारत ही नहीं, रूस, जर्मनी,  अमेरिका, इंग्लैण्ड, ऑस्ट्रेलिया, पुर्तगाल आदि अनेक देशों की शिक्षण संस्थाओं का ध्यानाकर्षित किया है और उनके साथ शिक्षण समझौते हुए हैं। उन्होंने कहा कि प्रस्तुत दीक्षांत समारोह के माध्यम से हम देश-विदेश के शिक्षाविदों का ध्यान अपनी आदर्श शिक्षण शैली की ओर ध्यानाकर्षित करना चाहते हैं, ताकि इसका व्यापक विस्तार करते हुए विश्वमानवता को सही दिशा देकर हम अपने गुरुदेव पं. श्रीराम शर्मा आचार्य जी के सतयुगी सपनों को साकार कर सकें।
देव संस्कृति विश्वविद्यालय के जनसंपर्क अधिकारी महेन्द्र शर्मा ने बताया कि दीक्षांत समारोह में राष्ट्रपति भवन से श्रीमान राष्ट्रपति महोदय के इस कार्यक्रम में पधारने की स्वीकृति प्राप्त हो गयी है। उत्तराखंड के राज्यपाल और मुख्यमंत्री भी समारोह में शामिल होंगे। हरिद्वार और देहरादून जिला तथा पुलिस प्रशासन को साथ लेकर सारी व्यवस्थाएँ बनायी जा रही हैं। इस समारोह में कुल 1350 विद्यार्थियों को उपाधियाँ प्रदान की जायेंगी। इनमें से 31 विद्यार्थियों को स्वर्ण पदक, 70 को पीएच.डी. तथा दो महानुभावों को मानद उपाधि से अलंकृत किया जायेगा। समारोह से  दो दिन पूर्व पत्रकार वार्ता भी आयोजित की जायेगी। उल्लेखनीय है कि देव संस्कृति विश्वविद्यालय के इससे पूर्व सम्पन्न हुए दो दीक्षांत समारोह क्रमश: तत्कालीन उपराष्ट्रपति महामहिम भैरोसिंह शेखावत और राष्ट्रपति महामहिम डॉ. अब्दुल कलाम की एवं राज्यपाल श्रीमती मार्गरेट अल्वा की गौरवशाली उपस्थिति में सम्पन्न हुए थे। 
देव संस्कृति विश्वविद्यालय के निर्माण विभाग प्रभारी शरद पारधी ने बताया कि दीक्षांत समारोह के लिए 4500 लोगों की बैठक क्षमता वाला 160 3 350  फीट का विशाल पांडाल बनाया जा रहा है। विवि परिसर के आर एण्ड डी ग्राउंड में बनाया जा रहा यह पांडाल मौसम की अनिश्चितताओं को देखते हुए वॉटरप्रूफ बनाया जा रहा है। 
कार्यक्रम स्थल का भूमिपूजन वैदिक विधि-विधान के साथ सम्पन्न हुआ। इस अवसर पर देव संस्कृति विश्वविद्यालय के कुलपति डॉ. एस.डी. शर्मा, शांतिकुंज व्यवस्थापक गौरीशंकर शर्मा, बृजमोहन गौड़, विवि के कुलसचिव संदीप कुमार प्रमुख रूप से उपस्थित थे। भूमिपूजन का कर्मकांड पं. शिवप्रसाद मिश्र ने सम्पन्न कराया। समारोह का संचालन सूरज प्रसाद शुक्ल ने किया। 


Write Your Comments Here:


img

प्राणियों, वनस्पतियों व पारिस्थितिक तंत्र के अधिकारों की रक्षा हेतु गायत्री परिवार से विनम्र आव्हान/अनुरोध

हम विश्वास दिलाते हैं की जीव, जगत, वनस्पति व पारिस्थितिकी तंत्र के व्यापक हित में उसके अधिकार को वापस दिलवाना ही हमारा एकमात्र उद्देश्य और मिशन है| जलवायु संकट की वर्तमान स्थिति को ध्यान में रखते हुए तथा जीव-जगत को.....

img

गायत्री तीर्थ शांतिकुंज में तीन दिवसीय युवा सम्मेलन का आज समापन

क्षमता का विकास करने का सर्वोत्तम समय युवावस्था - डॉ पण्ड्याराष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र के युवाओं को तीन दिवसीय सम्मेलन का समापनहरिद्वार 17 अगस्त।गायत्री तीर्थ शांतिकुंज में तीन दिवसीय युवा सम्मेलन का आज समापन हो गया। इस सम्मेलन में राष्ट्रीय राजधानी.....

img

देसंविवि के नये शैक्षिक सत्र का शुभारंभ करते हुए डॉ. पण्ड्या ने कहा - कर्मों के प्रति समर्पण श्रेष्ठतम साधना

हरिद्वार 26 जुलाई।देसंविवि के कुलाधिपति श्रद्धेय डॉ. प्रणव पण्ड्या ने विश्वविद्यालय के नवप्रवेशी छात्र-छात्राओं के नये शैक्षिक सत्र का शुभारंभ के अवसर पर गीता का मर्म सिखाया। इसके साथ ही विद्यार्थियों के विधिवत् पाठ्यक्रम का पठन-पाठन का क्रम की शुरुआत.....