Published on 2016-02-27

युवाक्रांति वर्ष में युवाओं को स्वावलंबी बनाने हेतु युवा जागरण शिविर की अनूठी पहल
गायत्री तीर्थ में राष्ट्रीय जोनल संगोष्ठी का शुभारंभ
देश भर के जिला समवन्यक, जोन- उपजोन के ७०० से अधिक वरिष्ठ प्रतिभागी शामिल  


अखिल विश्व गायत्री परिवार के प्रमुख डॉ प्रणव पण्ड्याजी ने कहा कि युवा उम्र से नहीं, वरन उमंग व उत्साह में होना चाहिए। स्वामी विवेकानंद, रानी लक्ष्मीबाई, पं० श्रीराम शर्मा आचार्य जी अपने जीवन के अंतिम समय तक चिरयुवा रहे और संस्कृति व राष्ट्र सेवा के लिए कार्य किये। आज उन महापुरुषों की तरह तन, मन में उत्साह उमंग जगाने का समय है।

डॉ. पण्ड्याजी देश के करीब ७०० जिलों के जिला समन्वयकों, जोन- उपजोनों के वरिष्ठ प्रतिभागियों हेतु गायत्री तीर्थ शांतिकुंंज में आयोजित राष्ट्रीय संगठन संगोष्ठी के उद्घाटन सत्र को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने कहा कि हनुमान, अर्जुन आदि ने अपने सद्गुरु के आदेशों का करिष्ये वचनं तव कहते पालन किया, परिणामतः वे आज इतिहास में अमर हो गये। डॉ. पण्ड्याजी ने युवाओं की दिशा एवं चिंतन राष्ट्रीय प्रेम से ओतप्रोत हो, अपने व परिवार के साथ मिल- जुलकर कार्य करें, स्वावलंबी बनें, इस हेतु कार्यक्रम आयोजित करने व युवाओं की भागीदारी सुनिश्चित करने के लिए देश भर में युवा जागरण शिविर अधिक से अधिक आयोजित करने की बात कही। उन्होंने कहा कि भटके युवाओं को युवा जागरण शिविर के माध्यम से सही दिशा दी जा सकती है, जिससे उनमें संस्कृति व राष्ट्रीयता के भाव जगाया जा सके। डॉ पण्ड्या ने इस निमित्त वर्षभर के विविध कार्यक्रमों की योजनाओं को गति प्रदान करने पर जोर दिया।

गायत्री परिवार प्रमुख ने कहा कि इसके साथ ही पतित पावनी मां गंगा को निर्मल व अविरल बनाये रखने के लिए गायत्री परिवार सतत सक्रिय रूप से आगे बढ़ रहा है। गोवा में सम्पन्न हुए हिन्दूधर्म आचार्य सभा का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि देश भर के संतों, आचार्यों व धर्म क्षेत्र के वरिष्ठ प्रतिनिधियों ने गायत्री परिवार ने रचनात्मक कार्यक्रमों में दृढ़ सहयोग करने का आश्वासन दिया है।

शांतिकुंज के वरिष्ठ कार्यकर्त्ता व श्री वीरेश्वर उपाध्याय ने संगठन को मजबूत बनाने एवं युवाओं को आगे बढ़ने के विविध उपायों की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि युवा अब अंगडाई ले रहे हैं और देश का भविष्य संवारने के लिए तैयार हो रहे हैं। इस अवसर पर केन्द्रीय जोनल समन्वयक श्री कालीचरण शर्मा ने पूरे देश में चल रहे रचनात्मक कार्यक्रमों की संक्षिप्त प्रगति विवरण प्रस्तुत किया। उन्होंने छत्तीसगढ़, असम, नेपाल, झारखण्ड, बिहार, मप्र, राजस्थान आदि प्रांतों में युवाओं के लिए किये जा अनेक रचनात्मक व प्रशिक्षण कार्यक्रमों की भी जानकारी दी।

इस अवसर पर व्यवस्थापक श्री गौरीशंकर शर्मा, डॉ ओपी शर्मा, डॉ बृजमोहन गौड़, डॉ एके दत्ता आदि वरिष्ठ कार्यकर्त्ता एवं गुजरात, झारखण्ड, छत्तीसगढ़, पं बंगाल, सहित पूरे देश के ७०० से अधिक जिलों के प्रतिनिधियों के अलावा नेपाल, कनाडा, यूएस से चयनित वरिष्ठ कार्यकर्त्ता उपस्थित रहे। 



Write Your Comments Here:


img

गायत्री तीर्थ शांतिकुंज में तीन दिवसीय युवा सम्मेलन का आज समापन

क्षमता का विकास करने का सर्वोत्तम समय युवावस्था - डॉ पण्ड्याराष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र के युवाओं को तीन दिवसीय सम्मेलन का समापनहरिद्वार 17 अगस्त।गायत्री तीर्थ शांतिकुंज में तीन दिवसीय युवा सम्मेलन का आज समापन हो गया। इस सम्मेलन में राष्ट्रीय राजधानी.....

img

संस्कारित युवा पीढ़ी के निर्माण से होगा राष्ट्र निर्माण: नीलिमा

अखिल विश्व गायत्री परिवार के तत्वावधान में स्थानीय रामकृष्ण आश्रम परिसर में जिला युवा प्रकोष्ठ द्वारा 5 दिवसीय युवा व्यक्तित्व निर्माण शिविर का आयोजन किया गया है | जहाँ शिविरार्थी योग, आसान, ध्यान  समेत आध्यात्मिक और बौद्धिक ज्ञान प्राप्त कर.....

img

नेपाल में आयोजित अंतरराष्ट्रीय विश्व युवा सम्मेलन में गायत्री परिवार का प्रतिनिधित्व

Nepal 8/8/17:-अंतरराष्ट्रीय युवा दिवस के उपलक्ष्य में नेपाल में आयोजित अंतरराष्ट्रीय विश्व युवा सम्मेलन में भारत देश की तरफ से अखिल विश्व गायत्री परिवार के (DIYA TEAM)  के सदस्य श्री पी डी सारस्वत व श्री अनुज कुमार वर्मा सम्मेलन में.....