Published on 2018-10-08 HARDWAR
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मन में उत्साह, उमंग हो, तो बहुत कुछ किया जा सकता है - श्री पारधी

हरिद्वार 7 अक्टूबर।

माउंट एवरेस्ट में भारतीय तिरंगा फहराने वाली प्रथम भारतीय महिला पद्मश्री बिछेन्द्री पाल अपनी टीम के साथ आज देव संस्कृति विश्वविद्यालय पहुँची। लर्न फ्रॉम लीडर्स की शृ्रंखला के अंतर्गत देसंविवि में आयोजित एक कार्यक्रम में अखिल विश्व गायत्री परिवार व देसंविवि परिवार की ओर से प्रतिकुलपति डॉ. चिन्मय पण्ड्या ने उनका स्वागत किया। इस अवसर पर पद्मश्री बिछेन्द्र पॉल ने छात्र-छात्राओं को सकारात्मक सोच के साथ आगे बढ़ने के लिए प्रेरित किया। 

    कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कुलपति श्री शरद पारधी ने कहा कि सुश्री पॉल नारी जाति के लिए एक मिसाल है। उन्होंने सम्पूर्ण समाज को आगे बढ़ने के लिए उदाहरण पेश किया है। उन्होंने कहा कि पारिवारिक पृष्ठभूमि चाहे जैसी भी हो, यदि मन में उत्साह, उमंग हो, तो बहुत कुछ किया जा सकता है।  देसंविवि के प्रतिकुलपति डॉ. चिन्मय पण्ड्या ने कहा कि पद्मश्री बिछेन्द्र पॉल हमारे समाज के लिए गौरव की बात है। उनकी 64 वर्ष की उम्र में जो क्षमता है, यही कर्मठ व आदर्श युवा की परिभाषा है। जीवन में जोश, उत्साह, उमंग हो, तो किसी भी उम्र में देश के लिए कुछ कर गुजरने का जब्जा कायम रहता है। इसी युवा ऊर्जा का प्रतीक पद्मश्री सुश्री पाल हैं। 

    माउंट एवरेस्ट में भारतीय तिरंगा फहराने वाली प्रथम भारतीय महिला पद्मश्री बिछेन्द्री पॉल ने कहा कि मैने संकल्प लिया कि मुझे कुछ करना है और इसके लिए विविध समस्याओं को दरकिनार करते हुए आगे बढ़ती गयी। उन्होंने कहा कि मुझे लग रहा है कि मैं एक और माउंट एवरेस्ट के सामने खड़ी हूँ। विवि के युवाओं में जो उत्साह, जोश एवं जब्जा है वह एक एवरेस्ट समान है। जो उत्साह विवि के विद्यार्थियों में है, ऐसे युवा ही समाज का नेतृत्व कर सकता है। देसंविवि गागर में सागर समान है। उन्होंने विद्यार्थियों को स्वयं के प्रति, अपने सहयोगियों के प्रति तथा प्रकृति के प्रति सम्मान के भाव सदैव रखने का मूल मंत्र दिया। सुश्री पॉल ने विवि के विद्यार्थियों को अपने कार्य के प्रति ईमानदारी तथा सच्ची निष्ठा से कार्य करने का संदेश दिया। साथ ही उन्होंने  पर्यावरण से भावनात्मक रूप से जुड़ने का आवाहन किया। सुश्री पॉल ने रिड्यूस, रियूज, रिसाइकिल और नारी सशक्तिकरण की दिशा में विद्यार्थियों को काम करने पर बल दिया। कुलसचिव श्री संदीप कुमार ने पद्मश्री सुश्री पॉल व नमामि गंगे अभियान की टीम का आभार प्रकट किया। 

    इस दौरान नमामि गंगे की टीम ने विवि के विविध रचनात्मक आंदोलनों का अवलोकन किया।  कार्यक्रम का संचालन गोपाल शर्मा ने किया।


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