Published on 2018-10-15 HARDWAR
img

हरिद्वार 14 अक्टूबर।

देव संस्कृति विश्वविद्यालय में हजारों विद्यार्थी अपनी शैक्षणिक योग्यता बढ़ाने के लिए अध्ययनरत हैं, तो वहीं छात्र-छात्राएँ अपने आंतरिक परिष्कार के लिए सामूहिक साधना में भी संलग्न हैं। नवरात्र में उनकी दिनचर्या एक साधक की तरह है। दिनभर की पढ़ाई के बाद सायं ध्यान, साधना के साथ व्यक्तित्व परिष्कार के सूत्र पाने के लिए कुलाधिपति डॉ. प्रणव पण्ड्या की विशेष कक्षा में शामिल होते हैं। यहाँ पाठ्यक्रम के अलावा आध्यात्मिक विकास के सूत्र पाकर उसे जीवन में उतारने हेतु संकल्पबद्ध होते हैं।

                नवरात्र साधना में जुटे विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए कुलाधिपति डॉ प्रणव पण्ड्या ने कहा कि किसी भी व्यक्ति का संपूर्ण परिष्कार मनोयोगपूर्वक की गयी साधना, भक्ति से संभव है। जिस तरह पर्व, त्यौहारों में घरों की सफाई की जाती है, उसी तरह नियमित रूप से साधक को अपने अंदर की सफाई करनी चाहिए। उन्होंने श्रीमद्भगवद्गीता, रामायण सहित विभिन्न आर्षग्रंथों के माध्यम से मनुष्य को उच्चतम स्तर पर पहुँचने के मार्गों को बहुत ही सरल ढंग से समझाया।

                ध्यान साधना के स्वर्णिम सूत्रों की व्याख्या करते हुए कुलाधिपति ने कहा कि ब्रह्मचर्य-व्रत में स्थित, भय रहित व शांत होकर, मन को एकाग्र करे और चित्त को भगवान् में लगाकर योगी साधना में बैठे। उन्होंने कहा कि काम वासना, भय, अशांति और मन का बिखरापन के कारण ही आंतरिक ऊर्जा व्यर्थ बह जाती है। इन काम वासना से ऊपर उठकर ब्रह्मचर्य का व्रत का पालन करते हुए साधना के अभ्यास बाह्य विकास व आंतरिक परिष्कार होता है।


Write Your Comments Here:


img

अर्जित ज्ञान का सदुपयोग मानवता की भलाई के लिए होना चाहिए

पीएच.डी. की उपाधि प्राप्त कर रहे स्नातकों को देव संस्कृति विश्वविद्यालय के प्रतिकुलपति जी का संदेशवर्धा। महाराष्ट्र : देव संस्कृति विश्वविद्यालय, हरिद्वार के प्रतिकुलपति आदरणीय डॉ. चिन्मय पण्ड्या जी 14 जनवरी 2023 को वर्धा में जय महाकाली शिक्षण संस्था, अग्निहोत्री ग्रुप अॉफ इंस्टीट्यूशंस द्वारा आयोजित.....

img

दिल्ली में मंत्री, सांसद एवं गणमान्यों से भेंट

देव संस्कृति विश्वविद्यालय के प्रतिकुलपति आदरणीय डॉ. चिन्मय जी दिनांक 5 जनवरी 2023 को दिल्ली पहुँचे। वहाँ उन्होंने भारत सरकार के अनेक मंत्री एवं सांसदों से भेंट की। उनके साथ वर्तमान सामाजिक परिस्थितियों के संदर्भ में चर्चा हुई, उन्हें परम पूज्य गुरूदेव के संकल्प,.....

img

गुजरात के राज्यपाल से प्राकृतिक खेती को बढ़ावा देने पर चर्चा हुई

13 जनवरी 2023 को अपने गुजरात प्रवास में आदरणीय डॉ. चिन्मय पण्ड्या जी गाँधीनगर स्थित राजभवन में राज्यपाल माननीय आचार्य देवव्रत जी से भेंट करने पहुँचे। शान्तिकुञ्ज की ओर से उन्हें पूज्य गुरूदेव का साहित्य भेंट किया। इस अवसर पर माननीय राज्यपाल जी से प्राकृतिक कृषि को बढ़ावा.....