अश्वमेध गायत्री महायज्ञ- मंगलगिरी प्रयाज कार्यक्रम

Published on 2017-07-09
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२७ तेलुगु साधकों को मुन्स्यारी विशिष्ट साधना शिविर में भागीदारी। यह शिविर तेलुगु भाषा में दिनचर्या से लेकर गुरुदेव माताजी के प्रवचन तक सभी उनकी ही भाषा में अनुवादित कर दिया गया। लोगों को यह शिविर जीवन का "भूतो न भविष्यति" जैसा लगा। सभी की अनुभूतियाँ अपने- अपने ढंग की थीं। ध्यान की गहराईओं में उतरने का यह जीवन का पहला अवसर था। परम वन्दनियां माता जी के अंतिम दिन के उद्बोधन को जब तेलुगु भाषा में अनुवादित कर सुनाया तो सुनाने वाले और सुननें वाले सभी के सभी रो पड़े। अपनी भावनाओं को संभाल न सके। तेलुगु अनुवादन श्रीमती प्रशान्ति शर्मा ने किया। मुन्स्यारी से आने के बाद सभी नयी ऊर्जा से गुरु कार्य में लग गए। और अश्वमेध महायज्ञ की जिम्मेदारियां निभाने का संकल्प लिया। घर- घर देवस्थापना के कार्य को गति प्रदान की। २७ साधकों ने मिल कर ११ लाख रुपये अश्वमेध में देने व् २४ लाख रुपये संग्रह करके देने का संकल्प लिया। प्रति वर्ष एक तेलुगु भाषा का शिविर चलाने का निर्णय लिया गया। क्योंकि १५ लोग अभी प्रतीक्षा सूची में हैं। इस शिविर के लिए दक्षिण ज़ोन के श्री उमेश कुमार शर्मा एवं श्रीमती प्रशान्ति शर्मा ने एक माह लग कर तैयारी की तब हिन्दी से तेलुगु समय सरणी से लेकर उद्बोधन तक पहले हिंदी स्क्रिप्ट तैयार की फिर तेलुगु अनुवादन किया गया। इनके साथ लोगों का चयन एक चुनौती पूर्ण कार्य था। सभी का आई डी व मेडिकल चेकिंग करने के बाद ही ले जाया गया। ५ लोगों को शान्तिकुञ्ज आने के बाद स्वास्थ्य की दृष्टि से रोकना पड़ा।

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१०८ कुण्डीय गायत्री महायज्ञ तेलुगु चौधरी समाज के परिजनों द्वारा संपन्न

तेनाली गुण्टूर जिला (आन्ध्रप्रदेश)१०८ कुण्डीय गायत्री महायज्ञ तेलुगु चौधरी समाज के परिजनों ने संपन्न कराया। जिससे गुण्टूर, कृष्णा जिले के परिजनों ने घर- घर देवस्थापना कार्यक्रम संपन्न कराकर २४ लाख गायत्री मन्त्र लेखन किया और २४ सौ गायत्री चालीस पाठ.....

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हैदराबाद में डॉ. चिन्मय पंड्या जी का कार्यक्रम

६ जुलाई, हैदराबाद (तेलंगाना)डॉ. चिन्मय पंड्या जी का कार्यक्रमदोपहर १२:०० बजे NFI  में मीटिंग हुई।सायं ४:०० बजे गायत्री ज्ञान मंदिर बोइनपल्ली, सिकन्द्राबाद में युग वेदव्यास भवन की आधार शिला डॉ. चिन्मय पंड्या जी ने राखी। उपस्थित परिजनों को भविष्य में.....

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१०८ कुण्डीय गायत्री महायज्ञ, चिराला, प्रकाशम् जिला (आन्ध्र प्रदेश)

विशेषताएं:- भव्य यज्ञशाला सजाया गया। पेड़ पौधों से लेकर सदवाक्यों तक।२१११६ कलशों द्वारा मंगल कलश शोभा यात्रा।११११६ दीपकों द्वारा विराट दीपमहायज्ञ।विराट साहित्य स्टॉल ।।११०० गायत्री मन्त्र दीक्षा।१६ हजार से ज्यादा लोगों की भागीदारी।१७, १८, १९ जून १०८ कुण्डीय गायत्री महायज्ञ.....